इरेक्टाइल डिस्फंक्शन या स्तम्भन दोष, पुरुषों में पाई जाने वाली एक आम सेक्स संबंधित समस्या है। इस स्थिति में पुरुष, सेक्स के लिए पर्याप्त इरेक्शन प्राप्त नही कर पाते या ज़्यादा देर तक उसे बनाए नहीं रख पाते। यह दोष लगभग 16 प्रतिशत पुरुषों में पाया जाता है। किंतु चौंका देने वाली बात यह है कि 40 वर्ष से 70 वर्ष की आयु के पुरुषों में इसके रोगीयों की संख्या बढ़ कर 54 प्रतिशत हो जाती है।कई बार इस विषय में चर्चा करते हुए एक आम सवाल यह पाया गया, कि क्या स्तम्भन दोष एक स्थायी रोग है, क्या यह बना रहता है या फिर समय समय पर उभर सकता है। यदि आप उन कई पुरुषों में से हैं जिन्हें समय समय पर इस समस्या का सामना करना पड़ता है, तो आप राहत की साँस ले सकते हैं, क्योंकि आप अस्थायी स्तम्भन दोष से पीड़ित हैं। एक स्वस्थ पुरुष को भी 4 में से 1 बार इरेक्शन प्राप्त करने में समस्या हो सकती है। सभी पुरुषों के लिए यह जानना अति आवश्यक है की ऐसा होना स्वाभाविक है।  उनके लिए यह समझना महत्वपूर्ण है कि उनका शरीर कैसे कार्य करता है और वे किसी मिथ्या ज्ञान के तहत अवसाद का शिकार न हों। टेंपररी या अस्थाई स्तंभन दोष अक्सर अचानक होता है, एवं इसके चलते पुरुषों में यौनेच्छा की कमी। हालांकि इससे ग्रस्त पुरुषों को रात्रि के समय इरेक्शन प्राप्त हो जाता है एवं कई बार परफॉर्मेंस एंगज़ाइटी से ग्रस्त पुरुषों को हस्तमैथून करते समय भी इरेक्शन प्राप्त हो जाता है।

पुरुषों में इरेक्शन प्राप्त करने की प्रक्रिया के चार स्तर हैं:

  1. यौनेच्छा: शरीरिक तौर पर इरेक्शन प्राप्त करने के पूर्व मानसिक तौर पर उकसाना एवं उत्तेजित करने आवश्यक है, जिससे पुरुष सेक्स करने के विषय में सोचें।
  2. उत्तेजन: जब पुरुषों को शारीरिक तौर पर इरेक्शन प्राप्त होता है, तब उनकी हार्ट रेट, ब्लड प्रेशर आदि बढ़ जाते हैं।
  3. चरम सुख: यह सम्भोग से उत्पन्न होने वाले आनंद की चरम सीमा है। इस स्थिति में पुरुषों को वीर्य का पतन भी हो सकता है।
  4. रिफ्रैक्टरी पीरियड: इस दौरान पुरुषों का शरीर सामान्य स्थिति में आ जाता है एवं कुछ देर विश्राम करता है। इस दौरान उन्हें इरेक्शन प्राप्त नहीं हो सकता।

इनमें से किसी भी स्तर पर दोष उत्पन्न होने से यह रोग हो सकता है।

 

टेम्पररी या अस्थाई स्तम्भन दोष के कई कारण हैं, जैसे:

  1. परफॉर्मेंस एंगजाईटी:  कई पुरुषों के लिए संभोग, तनाव का कारण बन सकता है। जब पुरूष अपनी मर्दानगी को संभोग के समय अपनी प्रस्तुति से आंकने लगते हैं, तो कई बार इससे उन्हें बेचैनी और तनाव हाथ लगते हैं।
  2. कई मानसिक घटक जैसे तनाव, अवसाद आदि  के चलते कई पुरुषों की यौनेच्छा घाट जाती है एवं वे इरेक्शन प्राप्त नहीं कर पाते।
  3. कई दवाओं के सेवन के दुष्प्रभाव स्वरूप पुरुषों को इस प्रकार की समस्या का सामना करना पड़ सकता है।
  4. शराब एवं के प्रकार के ड्रग्स जैसे गांजे और चरस आदि के सेवन से पुरुषों मे लिबीडो घट जाता है एवं उन्हें स्तम्भन दोष की समस्या हो सकती है।

Medically reviewed by Rishabh Verma, RP